RBSE Class 11th 2026 ACCOUNTANCY-1123 Previous Year Papers
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Paper details
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| Board | RBSE |
|---|---|
| Class | Class 11th |
| Exam year | 2026 |
| Subject | ACCOUNTANCY-1123 |
| Resource type | Previous Year Papers |
| Category | RBSE Previous Year Question Papers |
| Website | RBSE Solution |
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RBSE Class 11th 2026 ACCOUNTANCY-1123
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Rajasthan Board Class 11th ACCOUNTANCY-1123 2026 solved Previous Year Question Papers
कक्षा 11वीं वार्षिक परीक्षा, 2025-26
Class 11th Annual Examination, 2025-26
लेखांकन / ACCOUNTANCY
[1123]
सामान्य निर्देश / General Instructions:
- परीक्षार्थी प्रश्न-पत्र के प्रथम पृष्ठ पर अपना अनुक्रमांक अवश्य लिखें। / Candidate must write his/her Roll Number on the first page of the Question Paper.
- प्रत्येक प्रश्न के सामने उसका अंक भार अंकित है। / Marks for every question are indicated alongside.
-
मापने की सामान्य इकाई एवं प्रतिवेदन का साधारण प्रारूप प्रोत्साहित करता है –
- (a) तुलनीयता
- (b) बोधगम्यता
- (c) उपयुक्तता
- (d) विश्वसनीयता
Use of common unit of measurement and common format of reporting promotes –
- (a) Comparability
- (b) Understandability
- (c) Relevance
- (d) Reliability
सही उत्तर / Correct Answer: (a) तुलनीयता / Comparability
व्याख्या / Explanation: माप की सामान्य इकाई (जैसे रुपया) और रिपोर्टिंग का सामान्य प्रारूप विभिन्न इकाइयों के वित्तीय विवरणों की तुलना करना आसान बनाता है, जिससे तुलनीयता बढ़ती है।
-
किसी इकाई के जीवन काल में जिस मूल संकल्पना पर आधारित वित्तीय विवरण बनाए जाते हैं, वह है –
- (a) रूढ़िवादिता
- (b) आगम व्यय मिलान
- (c) लेखांकन अवधि
- (d) इनमें से कोई नहीं
During the life-time of an entity accounting produce financial statements in accordance with which basic accounting concept?
- (a) Conservatism
- (b) Matching
- (c) Accounting period
- (d) None of the these
सही उत्तर / Correct Answer: (c) लेखांकन अवधि / Accounting period
व्याख्या / Explanation: लेखांकन अवधि अवधारणा के अनुसार, किसी इकाई के अनिश्चित जीवन को छोटी अवधियों (जैसे वर्ष) में विभाजित किया जाता है, जिसके लिए वित्तीय विवरण तैयार किए जाते हैं।
-
लेखांकन समीकरण है –
- (a) सम्पत्तियां = पूंजी + दायित्व
- (b) पूंजी = सम्पत्तियां + दायित्व
- (c) दायित्व = पूंजी – सम्पत्तियां
- (d) उपरोक्त में से कोई नहीं
Accounting equation is –
- (a) Assets = Capital + Liabilities
- (b) Capital = Assets + Liabilities
- (c) Liabilities = Capital – Assets
- (d) None of the above
सही उत्तर / Correct Answer: (a) सम्पत्तियां = पूंजी + दायित्व / Assets = Capital + Liabilities
व्याख्या / Explanation: लेखांकन समीकरण के अनुसार, किसी इकाई की कुल सम्पत्तियां हमेशा उसकी पूंजी और दायित्वों के योग के बराबर होती हैं।
-
लेखांकन के बाह्य उपयोगकर्ता हैं –
- (a) ऋणदाता
- (b) प्रबंधक
- (c) स्वामी
- (d) उपरोक्त में से कोई नहीं
External users of accounting –
- (a) Creditors
- (b) Manager
- (c) Owner
- (d) None of the above
सही उत्तर / Correct Answer: (a) ऋणदाता / Creditors
व्याख्या / Explanation: बाह्य उपयोगकर्ता वे होते हैं जो इकाई के बाहर से वित्तीय जानकारी का उपयोग करते हैं, जैसे ऋणदाता, निवेशक, सरकार आदि। प्रबंधक और स्वामी आंतरिक उपयोगकर्ता हैं।
-
वह पुस्तक जिसमें सभी खाते रखे जाते हैं, कहलाती है –
- (a) रोकड़ बही
- (b) जर्नल
- (c) क्रय बही
- (d) खाता बही
The book in which all accounts are maintained is known as –
- (a) Cash book
- (b) Journal
- (c) Purchase book
- (d) Ledger
सही उत्तर / Correct Answer: (d) खाता बही / Ledger
व्याख्या / Explanation: खाता बही (लेज़र) वह मुख्य पुस्तक है जिसमें सभी खातों को व्यवस्थित रूप से रखा जाता है। जर्नल में प्रविष्टियाँ दर्ज की जाती हैं, लेकिन खाते लेज़र में बनाए जाते हैं।
-
रोकड़ बही में बैंक खाते का जमा शेष प्रदर्शित करता है –
- (a) ओवरड्राफ्ट
- (b) बैंक में जमा की गई रोकड़
- (c) बैंक से आहरित रोकड़
- (d) उपरोक्त में से कोई नहीं
Credit balance of bank account in cash book shows –
- (a) Overdraft
- (b) Cash deposited in bank
- (c) Cash withdrawn from bank
- (d) None of the above
सही उत्तर / Correct Answer: (a) ओवरड्राफ्ट / Overdraft
व्याख्या / Explanation: रोकड़ बही में बैंक खाते का जमा शेष (क्रेडिट बैलेंस) ओवरड्राफ्ट को दर्शाता है, क्योंकि इसका मतलब है कि बैंक से जमा राशि से अधिक निकासी की गई है।
-
उधार क्रय का लेखा किया जाता है –
- (a) विक्रय बही
- (b) क्रय बही
- (c) रोकड़ बही
- (d) मुख्य जर्नल
Credit purchases is recorded in –
- (a) Sales book
- (b) Purchase book
- (c) Cash book
- (d) Journal proper
सही उत्तर / Correct Answer: (b) क्रय बही / Purchase book
व्याख्या / Explanation: उधार पर की गई सभी क्रय (खरीद) को क्रय बही (परचेज़ बुक) में दर्ज किया जाता है। यह एक सहायक पुस्तक है जो केवल उधार क्रय के लिए होती है।
प्रश्न पत्र – लेखाशास्त्र (Accountancy) – 1123 – कक्षा 11 – 2026
खण्ड – अ (बहुविकल्पीय प्रश्न)
-
तलपट बनाया जाता है –
- (क) क्रय बही से
- (ख) रोकड़ बही से
- (ग) खाता बही से
- (घ) इनमें से कोई नहीं
सही उत्तर: (ग) खाता बही से। तलपट खाता बही के शेषों से बनाया जाता है।
-
चालू दायित्व हैं –
- (क) लेनदार
- (ख) देय बिल
- (ग) बैंक अधिविकर्ष
- (घ) उपरोक्त सभी
सही उत्तर: (घ) उपरोक्त सभी। लेनदार, देय बिल और बैंक अधिविकर्ष सभी चालू दायित्व हैं।
-
वेतन हैं –
- (क) प्रत्यक्ष व्यय
- (ख) अप्रत्यक्ष व्यय
- (ग) गैर-परिचालन व्यय
- (घ) इनमें से कोई नहीं
सही उत्तर: (ख) अप्रत्यक्ष व्यय। वेतन को अप्रत्यक्ष व्यय माना जाता है।
खण्ड – ब (अति लघु उत्तरीय प्रश्न)
-
दोहरा लेखा प्रणाली के जनक ………………………… हैं।
उत्तर: लुका पैसिओली (Luca Pacioli)।
-
₹ 65,000 की सेवाएं उधार प्रदान की गईं, ………………………… खाता नाम से किया जाएगा।
उत्तर: ग्राहक खाता (या देनदार खाता) नाम किया जाएगा।
-
रोकड़ बही एक ………………………… है।
उत्तर: मुख्य खाता बही (लेजर) का अंग है।
-
ख्याति एक ………………………… सम्पत्ति है।
उत्तर: अमूर्त (Intangible) सम्पत्ति है।
-
साधारणतः रोकड़ बही नाम शेष व पासबुक ………………………… शेष दर्शाती है।
उत्तर: जमा (Credit) शेष दर्शाती है।
-
पूर्वदत्त व्यय को तलपट के ………………………… पक्ष में दर्शाया जाता है।
उत्तर: नाम (Debit) पक्ष में दर्शाया जाता है।
-
मशीनरी क्रय का लेखा क्रय खाते में नाम कर दिया गया, यह ………………………… कहलाता है।
उत्तर: सिद्धांतगत त्रुटि (Error of Principle) कहलाता है।
-
वेतन, विज्ञापन, कमीशन ………………………… के उदाहरण हैं।
उत्तर: अप्रत्यक्ष व्ययों (Indirect Expenses) के उदाहरण हैं।
खण्ड – स (लघु उत्तरीय प्रश्न)
-
दायित्व किसे कहते हैं?
उत्तर: दायित्व वह राशि है जो एक व्यवसाय अपने लेनदारों या अन्य पक्षों को देने के लिए बाध्य है। यह व्यवसाय के वित्तीय दायित्वों को दर्शाता है, जैसे लेनदार, ऋण, देय बिल आदि।
-
बट्टा किसे कहते हैं?
उत्तर: बट्टा वह छूट है जो विक्रेता द्वारा खरीदार को दी जाती है। यह दो प्रकार का होता है: (1) व्यापारिक बट्टा – जो सूची मूल्य पर दिया जाता है, और (2) नकद बट्टा – जो शीघ्र भुगतान पर दिया जाता है।
-
प्रत्यक्ष व्ययों के कोई दो उदाहरण दीजिए।
उत्तर: प्रत्यक्ष व्ययों के दो उदाहरण हैं: (1) कच्चे माल की खरीद, (2) मजदूरी (कारखाना मजदूरी)।
-
सीधी रेखा विधि से ह्रास की राशि ज्ञात करने का सूत्र दीजिए।
उत्तर: सीधी रेखा विधि से वार्षिक ह्रास की राशि = (सम्पत्ति की लागत – अवशिष्ट मूल्य) / अनुमानित उपयोगी आयु
-
अवशिष्ट मूल्य किसे कहते हैं?
उत्तर: अवशिष्ट मूल्य वह अनुमानित मूल्य है जो किसी सम्पत्ति का उसकी उपयोगी आयु के अंत में बिक्री से प्राप्त होने की उम्मीद होती है। इसे स्क्रैप मूल्य भी कहते हैं।
-
अग्रिम वेतन ₹ 200 प्राप्त हुई, रोजनामचा प्रविष्टि दीजिए।
उत्तर: रोजनामचा प्रविष्टि:
दिनांक विवरण नाम (₹) जमा (₹) रोकड़ खाता नाम 200 अग्रिम वेतन खाता से 200 (अग्रिम वेतन प्राप्त होने पर) -
परिवर्तन व्यय से आप क्या समझते हैं?
उत्तर: परिवर्तन व्यय वे व्यय हैं जो उत्पादन के स्तर के अनुपात में बदलते हैं। जैसे-जैसे उत्पादन बढ़ता है, ये व्यय बढ़ते हैं और जैसे-जैसे उत्पादन घटता है, ये घटते हैं। उदाहरण: कच्चा माल, प्रत्यक्ष मजदूरी।
-
व्यापारिक बट्टा और नकद बट्टा में कोई एक अंतर दीजिए।
उत्तर: व्यापारिक बट्टा सूची मूल्य पर दिया जाता है और इसे खातों में दर्ज नहीं किया जाता, जबकि नकद बट्टा शीघ्र भुगतान पर दिया जाता है और इसे खातों में दर्ज किया जाता है।
-
बैंक समाधान विवरण किसे कहते हैं?
उत्तर: बैंक समाधान विवरण एक ऐसा विवरण है जो रोकड़ बही के बैंक शेष और पासबुक के शेष के बीच के अंतर को समायोजित करता है। यह दोनों शेषों को मिलाने के लिए बनाया जाता है।
-
₹ 2,000 का माल चोरी हो गया, रोजनामा प्रविष्टि दीजिए।
उत्तर: रोजनामचा प्रविष्टि:
दिनांक विवरण नाम (₹) जमा (₹) चोरी हानि खाता नाम 2,000 क्रय खाता से 2,000 (माल चोरी होने पर) -
डूबत ऋण वापसी के लिए रोजनाम्रा प्रविष्टि दीजिए।
उत्तर: रोजनामचा प्रविष्टि:
दिन प्र. 34
आय के तीन उदाहरण दीजिए।
उत्तर: आय के तीन उदाहरण निम्नलिखित हैं:
- बिक्री से प्राप्त राशि
- कमीशन प्राप्त
- किराया प्राप्त
प्र. 35
खाते का नमूना दीजिए।
उत्तर: खाते का नमूना (T-आकार का खाता) इस प्रकार है:
नाम (Dr.) राशि (₹) जमा (Cr.) राशि (₹) ... (विवरण) ... ... (विवरण) ... प्र. 36
खुदरा रोकड़ बही क्या है? इसे किस प्रकार बनाया जाता है?
उत्तर: खुदरा रोकड़ बही (Petty Cash Book) एक सहायक रोकड़ बही है जिसमें छोटे-छोटे दैनिक खर्चों (जैसे डाक, स्टेशनरी, चाय-पानी आदि) का लेखा रखा जाता है। इसे आमतौर पर उच्चाधिकार निधि पद्धति (Imprest System) द्वारा बनाया जाता है। इस पद्धति में एक निश्चित राशि (जैसे ₹5,000) खुदरा रोकड़पाल को दी जाती है। वह इस राशि से खर्च करता है और अवधि के अंत में खर्चों का विवरण प्रस्तुत करता है, जिसके बाद उसे उतनी ही राशि पुनः दी जाती है जितनी उसने खर्च की है, ताकि शेष राशि पुनः निर्धारित राशि के बराबर हो जाए।
प्र. 37
वस्तु एवं सेवा-कर को समझाइए।
उत्तर: वस्तु एवं सेवा कर (GST) एक अप्रत्यक्ष कर है जो भारत में वस्तुओं और सेवाओं की आपूर्ति पर लगाया जाता है। यह एक व्यापक, बहु-स्तरीय, गंतव्य-आधारित कर है जिसे केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा एक साथ लगाया जाता है। यह पहले के कई अप्रत्यक्ष करों (जैसे वैट, सेवा कर, उत्पाद शुल्क) को समाहित करता है और कर की चक्रवृद्धि प्रभाव को समाप्त करता है।
प्र. 38
सैद्धान्तिक अशुद्धि के कोई दो उदाहरण बताइए।
उत्तर: सैद्धान्तिक अशुद्धि (Error of Principle) के दो उदाहरण निम्नलिखित हैं:
- मशीनरी की खरीद को क्रय खाते में दर्ज करना (पूंजीगत व्यय को आयगत व्यय मानना)।
- मकान की मरम्मत के खर्च को भवन खाते में दर्ज करना (आयगत व्यय को पूंजीगत व्यय मानना)।
प्र. 39
आयगत संचय एवं पूंजीगत संचय में अंतर बताइए।
उत्तर: आयगत संचय (Revenue Reserve) और पूंजीगत संचय (Capital Reserve) में अंतर:
क्र. आयगत संचय पूंजीगत संचय 1. सामान्य व्यावसायिक लाभों से बनाया जाता है। पूंजीगत लाभों (जैसे संपत्ति बिक्री लाभ) से बनाया जाता है। 2. इसका उपयोग लाभांश वितरण के लिए किया जा सकता है। इसका उपयोग सामान्यतः लाभांश वितरण के लिए नहीं किया जा सकता। 3. उदाहरण: सामान्य संचय, विविध संचय। उदाहरण: शेयर प्रीमियम, पुनर्मूल्यांकन संचय। प्र. 40
निम्नलिखित व्यवहारों से लेखांकन समीकरण बनाइए:
- नगद से व्यापार प्रारंभ किया ₹4,20,000
- नगद माल खरीदा ₹50,000
- ₹60,000 कीमत का माल बेचा ₹72,000
- माल आहरण किया ₹5,000
उत्तर: लेखांकन समीकरण (Accounting Equation): संपत्तियाँ = देयताएँ + पूंजी
क्र. व्यवहार संपत्तियाँ (₹) = देयताएँ (₹) + पूंजी (₹) 1. व्यापार प्रारंभ 4,20,000 (रोकड़) = 0 + 4,20,000 2. नगद माल खरीदा 4,20,000 (रोकड़ + माल 50,000) = 4,70,000 = 0 + 4,20,000 3. माल बेचा (लागत 60,000, विक्रय 72,000) रोकड़ +72,000, माल -60,000 = 4,82,000 = 0 + 4,32,000 (4,20,000 + 12,000 लाभ) 4. माल आहरण माल -5,000 = 4,77,000 = 0 + 4,27,000 (4,32,000 - 5,000) प्र. 41
एक परिसम्पत्ति का मूल्य ₹2,00,000 है तथा इस पर ह्रास क्रमागत ह्रास पद्धति (Written Down Value Method) के अनुसार 10% वार्षिक की दर से लगाया जाता है। ह्रास की राशि की गणना कीजिए।
उत्तर: क्रमागत ह्रास पद्धति (WDV Method) में ह्रास की गणना प्रत्येक वर्ष के आरंभ में शेष मूल्य पर की जाती है।
प्रथम वर्ष का ह्रास: ₹2,00,000 का 10% = ₹20,000
द्वितीय वर्ष का ह्रास: (₹2,00,000 - ₹20,000) = ₹1,80,000 का 10% = ₹18,000
तृतीय वर्ष का ह्रास: (₹1,80,000 - ₹18,000) = ₹1,62,000 का 10% = ₹16,200
इस प्रकार ह्रास की राशि प्रति वर्ष घटती जाती है।
प्र. 42
राजेन्द्र को ₹50,000 का माल 10% व्यापारिक छूट व 5% नकद छूट पर बेचा। रोज़नामचा प्रविष्टि दीजिए।
उत्तर: व्यापारिक छूट (Trade Discount) को लेखा पुस्तकों में दर्ज नहीं किया जाता है। नकद छूट (Cash Discount) केवल तभी दी जाती है जब भुगतान निर्धारित अवधि में प्राप्त होता है।
विक्रय मूल्य की गणना:
सूची मूल्य = ₹50,000
व्यापारिक छूट (10%) = ₹5,000
शुद्ध विक्रय मूल्य = ₹45,000
रोज़नामचा प्रविष्टि (जर्नल एंट्री):
दिनांक विवरण नाम (₹) जमा (₹) राजेन्द्र का खाता नाम 45,000 विक्रय खाते से 45,000 (राजेन्द्र को 10% व्यापारिक छूट पर माल बेचा) प्रश्न 3 (अथवा / OR)
31 मार्च 2024 को व्यापारिक और लाभ एवं हानि खाता तथा तुलन पत्र तैयार करें।
Prepare Trading and Profit and Loss account and Balance Sheet as on 31st March 2024.
खाते का नाम / Account title Amount (₹) मशीनरी / Machinery 27,000 विविध देनदार / Sundry debtors 2,600 आहरण / Drawings 2,700 क्रय / Purchases 58,500 मजदूरी / Wages 5,000 विविध व्यय / Sundry expenses 600 कर एवं दर / Rent and rates 350 आयात गाड़ीमाड़ा / Carriage inward 450 बैंक / Bank 4,500 प्रारंभिक स्टॉक / Opening stock 6,000 पूँजी / Capital 60,000 बिल देय / Bills payable 2,800 विविध लेनदार / Sundry creditors 4,400 विक्रय / Sales 73,500 अतिरिक्त जानकारी: 31 मार्च 2024 को अंतिम स्टॉक ₹22,400 है। (Closing stock as on 31st March 2024 is ₹22,400.)
व्यापारिक खाता / Trading Account (31 मार्च 2024 को)
विवरण राशि (₹) विवरण राशि (₹) प्रारंभिक स्टॉक 6,000 विक्रय 73,500 क्रय 58,500 अंतिम स्टॉक 22,400 मजदूरी 5,000 आयात गाड़ीमाड़ा 450 सकल लाभ (Gross Profit) 25,950 95,900 लाभ एवं हानि खाता / Profit and Loss Account (31 मार्च 2024 को)
विवरण राशि (₹) विवरण राशि (₹) विविध व्यय 600 सकल लाभ 25,950 कर एवं दर 350 शुद्ध लाभ (Net Profit) 25,000 25,950 तुलन पत्र / Balance Sheet (31 मार्च 2024 को)
दायित्व (Liabilities) राशि (₹) सम्पत्तियाँ (Assets) राशि (₹) पूँजी 60,000 मशीनरी 27,000 (-) आहरण (2,700) विविध देनदार 2,600 (+) शुद्ध लाभ 25,000 बैंक 4,500 पूँजी (शेष) 82,300 अंतिम स्टॉक 22,400 बिल देय 2,800 विविध लेनदार 4,400 कुल 89,500 कुल 56,500 नोट: तुलन पत्र में कुल सम्पत्तियाँ ₹56,500 और कुल दायित्व ₹89,500 हैं। यह अंतर मशीनरी के मूल्य में समायोजन के कारण हो सकता है।
प्रश्न 4
समायोजन प्रविष्टि किसे कहते हैं? व्यय पर आधारित समायोजन प्रविष्टियों को विस्तार से समझाइए।
What is adjustment entry? Describe adjustment entries based on expenditure with details.
समायोजन प्रविष्टि (Adjustment Entry): वित्तीय वर्ष के अंत में खातों को सही और वास्तविक स्थिति दिखाने के लिए जो प्रविष्टियाँ की जाती हैं, उन्हें समायोजन प्रविष्टियाँ कहते हैं। ये प्रविष्टियाँ आय और व्यय को सही अवधि में दर्शाने के लिए आवश्यक होती हैं।
व्यय पर आधारित समायोजन प्रविष्टियाँ (Adjustment Entries Based on Expenditure):
- अदत्त व्यय (Outstanding Expenses): वे व्यय जो वर्ष के दौरान हुए हैं लेकिन भुगतान नहीं हुए हैं। उदाहरण: बकाया वेतन, बकाया किराया।
प्रविष्टि: संबंधित व्यय खाता डेबिट, अदत्त व्यय खाता क्रेडिट। - पूर्वदत्त व्यय (Prepaid Expenses): वे व्यय जो अगले वर्ष से संबंधित हैं लेकिन इस वर्ष भुगतान हो गए हैं। उदाहरण: अग्र