RBSE Class 12th 2017 -SS-17-2017 Previous Year Papers
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Paper details
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| Board | RBSE |
|---|---|
| Class | Class 12th |
| Exam year | 2017 |
| Subject | -SS-17-2017 |
| Resource type | Previous Year Papers |
| Category | RBSE Previous Year Question Papers |
| Website | RBSE Solution |
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RBSE Class 12th 2017 -SS-17-2017
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Rajasthan Board Class 12th -SS-17-2017 2017 solved Previous Year Question Papers
उच्च माध्यमिक पूरक परीक्षा, 2017
SENIOR SECONDARY SUPPLEMENTARY EXAMINATION, 2017
चित्रकला
DRAWING
समय : 3¼ घण्टे पूर्णांक : 24
परीक्षार्थियों के लिए सामान्य निर्देश :
GENERAL INSTRUCTIONS TO THE EXAMINEES:
- परीक्षार्थी सर्वप्रथम अपने प्रश्न पत्र पर नामांक अनिवार्यतः लिखें।
Candidate must write first his/her Roll No. on the question paper compulsorily. - सभी प्रश्न करने अनिवार्य हैं।
All the questions are compulsory. - प्रत्येक प्रश्न का उत्तर दी गई उत्तर-पुस्तिका में ही लिखें।
Write the answer to each question in the given answer-book only. - जिन प्रश्नों में आन्तरिक खण्ड हैं, उन सभी के उत्तर एक साथ ही लिखें।
For questions having more than one part the answers to those parts are to be written together in continuity.
No. of Questions — 30 SS-7-Drawing (Supp.)
No. of Printed Pages — 7
SS-7- Drawing [ Turn Over
निर्देश / Instructions
प्रश्न पत्र के हिन्दी व अंग्रेजी रूपान्तर में किसी प्रकार की त्रुटि / अन्तर / विरोधाभास होने पर हिन्दी भाषा के प्रश्न को सही मानें ।
If there is any error/difference / contradiction in Hindi & English versions of the question paper, the question of Hindi version should be treated valid.
अंक योजना / Marks Scheme
| प्रश्न क्रमांक (Q.Nos.) | प्रति प्रश्न अंक (Marks Per Question) | उत्तर की शब्द सीमा (Word Limit of Answer) |
|---|---|---|
| 1-2 | 2 | 0 |
| 3-24 | 3/4 | 25 |
| 25-27 | 1 | 50 |
| 28-30 | 2 | 50 |
प्रश्न क्रमांक 29 और 30 में आंतरिक विकल्प हैं।
There are internal choices in Question Nos. 29 and 30.
प्रश्न / Questions
-
राजस्थान की दो महिला चित्रकारों के नाम लिखिए। [2]
Mention the name of any two women painters of Rajasthan.
उत्तर / Answer: राजस्थान की दो प्रमुख महिला चित्रकार हैं – (1) श्रीमती कमला देवी (2) श्रीमती सावित्री बाई। (अन्य उचित नाम भी स्वीकार्य)
Two women painters of Rajasthan are – (1) Smt. Kamla Devi (2) Smt. Savitri Bai. (Any other appropriate names are acceptable.)
-
अजन्ता गुफाएं कहां स्थित हैं? [2]
Where Ajanta caves are situated?
उत्तर / Answer: अजन्ता गुफाएं महाराष्ट्र राज्य के औरंगाबाद जिले में स्थित हैं।
Ajanta caves are situated in Aurangabad district of Maharashtra state.
SS-17- Drawing II
प्रश्न 3
गोलकुन्डा साम्राज्य की स्थापना किसने की ?
Who was the founder of Golkunda Empire?
उत्तर: गोलकुन्डा साम्राज्य की स्थापना कुली कुतुब शाह ने की थी। वह कुतुब शाही वंश का संस्थापक था।
प्रश्न 4
भीम बेटका क्षेत्र में कितनी गुफाएं प्राप्त हुई हैं?
How many caves are founded in Bhimbetaka site?
उत्तर: भीम बेटका क्षेत्र में लगभग 700 गुफाएं प्राप्त हुई हैं, जिनमें से लगभग 500 में शैलचित्र मिले हैं।
प्रश्न 5
कांगड़ा शैली के दो चित्रकारों के नाम लिखिए |
Write the name of any two artist of Kangra School?
उत्तर: कांगड़ा शैली के दो प्रमुख चित्रकार हैं:
- नैनसुख
- मनसुख
प्रश्न 6
सिंहनपुर से प्राप्त चित्रों का समय बताएं
Write the period of Singhanpur cave paintings.
उत्तर: सिंहनपुर गुफा चित्रों का समय मध्य पाषाण काल (लगभग 8000 ईसा पूर्व से 5000 ईसा पूर्व) माना जाता है।
प्रश्न 7
सबसे पुरानी राजस्थानी लघु चित्र शैली कौनसी है?
Which is the oldest Rajasthani miniature painting school?
उत्तर: सबसे पुरानी राजस्थानी लघु चित्र शैली मेवाड़ शैली है। इसका विकास 16वीं शताब्दी के आसपास हुआ था।
प्रश्न 8
बाघ गुफा का समय लिखिए |
Write the period of Bagh caves.
उत्तर: बाघ गुफाओं का समय 5वीं से 7वीं शताब्दी ईस्वी (गुप्त काल) माना जाता है।
प्रश्न 9
मुगल चित्रकार मीर सैयद अली का उपनाम क्या था?
What was the Nick name of Mughal Painter Meer Sayaid ali?
उत्तर: मुगल चित्रकार मीर सैयद अली का उपनाम "नादिर-उल-मुल्क" था।
प्रश्न 10 (Question 10)
"मदर टेरेसा" चित्र किस चित्रकार ने बनाया?
Who painted the painting "Mother Teresa"?
उत्तर: "मदर टेरेसा" चित्र प्रसिद्ध चित्रकार एम. एफ. हुसैन (M. F. Husain) ने बनाया था।
प्रश्न 11 (Question 11)
"ब्लू पॉटरी" के लिए किस कलाकार को जाना जाता है?
Which Artist known for "Blue Pottery"?
उत्तर: "ब्लू पॉटरी" (Blue Pottery) के लिए राजस्थान के कलाकार क्रिस्टोफर ड्रेसर (Christopher Dresser) या मोहम्मद याकूब (Mohammad Yakub) जैसे कारीगरों को जाना जाता है, हालांकि यह कला मुख्यतः जयपुर, राजस्थान से जुड़ी है।
प्रश्न 12 (Question 12)
जवाहर कला केन्द्र कहां स्थित है?
Where Jawahar Kala Kendra is situated?
उत्तर: जवाहर कला केन्द्र (Jawahar Kala Kendra) जयपुर, राजस्थान में स्थित है।
प्रश्न 13 (Question 13)
आदिम चित्रों के प्रमुख विषयों का वर्णन करिए।
Describe the main subjects of pre-historic paintings.
उत्तर: आदिम (प्रागैतिहासिक) चित्रों के प्रमुख विषय निम्नलिखित हैं:
- शिकार के दृश्य: जंगली जानवरों (जैसे हिरण, बाइसन, शेर) का शिकार करते मानव समूह।
- पशु चित्रण: विभिन्न जानवरों जैसे घोड़े, हाथी, बैल, और मछलियों के चित्र।
- मानव आकृतियाँ: नृत्य, युद्ध, या दैनिक जीवन की गतिविधियों में मानव।
- ज्यामितीय आकृतियाँ: वृत्त, रेखाएँ, और बिंदुओं से बने पैटर्न।
- प्रकृति और पर्यावरण: पेड़-पौधे, नदियाँ, और आकाशीय पिंड।
ये चित्र मुख्यतः गुफाओं की दीवारों पर लाल, काले, और सफेद रंगों से बनाए गए थे।
प्रश्न 14 (Question 14)
मिर्जापुर के प्रमुख गुफा चित्रों का वर्णन करिए।
Explain main paintings of Mirzapur caves.
उत्तर: मिर्जापुर (उत्तर प्रदेश) की गुफाओं में प्रागैतिहासिक चित्र मिलते हैं, जिनमें प्रमुख हैं:
- शिकार के दृश्य: धनुष-बाण से शिकार करते मानवों के चित्र।
- पशु चित्रण: हाथी, बाघ, हिरण, और मछलियों के चित्र।
- मानव आकृतियाँ: नृत्य करते या हाथ जोड़े खड़े मानव।
- ज्यामितीय डिज़ाइन: वृत्त, त्रिकोण, और लहरदार रेखाएँ।
ये चित्र लाल गेरू, काले, और सफेद रंगों से बनाए गए हैं और इनमें सामूहिक गतिविधियों का चित्रण मिलता है।
प्रश्न 15 (Question 15)
मध्य प्रदेश के महत्वपूर्ण प्रागैतिहासिक गुफा-चित्र स्थानों का वर्णन करिए।
Describe the important prehistoric cave paintings sites of Madhya Pradesh.
उत्तर: मध्य प्रदेश में प्रागैतिहासिक गुफा-चित्रों के प्रमुख स्थान निम्नलिखित हैं:
- भीमबेटका (रायसेन जिला): यह यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल है, जहाँ 500 से अधिक गुफाओं में शिकार, नृत्य, और पशुओं के चित्र मिलते हैं।
- होशंगाबाद (नर्मदा घाटी): यहाँ की गुफाओं में हाथी, बाघ, और मानव आकृतियों के चित्र हैं।
- पचमढ़ी (होशंगाबाद जिला): यहाँ "पांडव गुफाएँ" प्रसिद्ध हैं, जिनमें ज्यामितीय पैटर्न और पशु चित्र मिलते हैं।
- जबलपुर क्षेत्र: यहाँ की गुफाओं में लाल और काले रंगों से बने शिकार के दृश्य हैं।
ये चित्र पुरापाषाण काल से लेकर ऐतिहासिक काल तक के हैं और प्राचीन मानव जीवन की झलक प्रस्तुत करते हैं।
6. “तीन युवतियां” किसकी कृति है? संक्षिप्त टिप्पणी लिखो।
Who painted the painting "Three girls"? Write short note.
उत्तर: "तीन युवतियां" (Three Girls) चित्र प्रसिद्ध भारतीय चित्रकार अमृता शेरगिल (Amrita Sher-Gil) की कृति है। यह चित्र 1935 में बनाया गया था। इसमें तीन युवतियों को दर्शाया गया है, जो भारतीय महिलाओं की सादगी, गरिमा और आंतरिक भावनाओं को उजागर करता है। अमृता शेरगिल ने इस चित्र में यथार्थवादी शैली का प्रयोग किया है और रंगों का सुंदर संयोजन किया है।
Answer: The painting "Three Girls" is the work of the famous Indian painter Amrita Sher-Gil. It was painted in 1935. The painting depicts three young women, highlighting the simplicity, dignity, and inner emotions of Indian women. Amrita Sher-Gil used a realistic style and a beautiful combination of colors in this painting.
7. घनवादी चित्रण के लिए बंगाल-शैली के किस चित्रकार को जाना जाता है? चित्रकार का परिचय लिखिए।
Which Bengal school artist known for 'cubism painting"? Explain with the introduction of the Artist.
उत्तर: घनवादी (क्यूबिज्म) चित्रण के लिए बंगाल-शैली के चित्रकार गगनेन्द्रनाथ टैगोर (Gaganendranath Tagore) को जाना जाता है। वे रवीन्द्रनाथ टैगोर के भतीजे थे। उन्होंने भारतीय कला में क्यूबिज्म शैली का प्रयोग किया और अपने चित्रों में ज्यामितीय आकृतियों, कोणों और रेखाओं का उपयोग करके नवीनता लाई। उनकी प्रमुख कृतियों में "द मैजिकल सीन" और "द वर्ल्ड ऑफ ड्रीम्स" शामिल हैं।
Answer: The Bengal school artist known for cubism painting is Gaganendranath Tagore. He was the nephew of Rabindranath Tagore. He introduced cubism style in Indian art and used geometric shapes, angles, and lines in his paintings. His major works include "The Magical Scene" and "The World of Dreams".
8. जगदीश स्वामीनाथन के चित्रों की कलात्मक विशेषताएं लिखिए।
Write the artistic values of Jagdish Swaminathan's paintings.
उत्तर: जगदीश स्वामीनाथन (Jagdish Swaminathan) एक प्रसिद्ध भारतीय चित्रकार थे। उनके चित्रों की कलात्मक विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
- अमूर्त शैली: उन्होंने अमूर्त (abstract) और प्रतीकात्मक (symbolic) शैली में चित्र बनाए।
- प्रकृति और ब्रह्मांड: उनके चित्रों में प्रकृति, ब्रह्मांड और आध्यात्मिकता का गहरा प्रभाव दिखता है।
- रंगों का प्रयोग: वे चमकीले और विपरीत रंगों का प्रयोग करते थे, जो चित्रों को जीवंत बनाते थे।
- सरल रेखाएं: उन्होंने सरल और सुडौल रेखाओं का उपयोग किया।
- भारतीय परंपरा: उनके चित्रों में भारतीय लोक कला और आदिवासी कला का प्रभाव स्पष्ट दिखाई देता है।
Answer: Jagdish Swaminathan was a famous Indian painter. The artistic features of his paintings are:
- Abstract style: He painted in abstract and symbolic style.
- Nature and cosmos: His paintings show deep influence of nature, cosmos, and spirituality.
- Use of colors: He used bright and contrasting colors that made the paintings vibrant.
- Simple lines: He used simple and graceful lines.
- Indian tradition: His paintings clearly show the influence of Indian folk art and tribal art.
9. असित कुमार हलदार के प्रमुख चित्रों का परिचय लिखिए।
Mention about the main paintings of Asit Kumar haldar.
उत्तर: असित कुमार हलदार (Asit Kumar Haldar) बंगाल-शैली के प्रमुख चित्रकार थे। उनके प्रमुख चित्रों का परिचय इस प्रकार है:
- "द लास्ट सपर" (The Last Supper): यह चित्र ईसा मसीह के अंतिम भोज को दर्शाता है, जिसमें भारतीय शैली का मिश्रण है।
- "बुद्ध एंड सुजाता" (Buddha and Sujata): इसमें भगवान बुद्ध और सुजाता के मिलन का दृश्य है।
- "द फेयरी क्वीन" (The Fairy Queen): यह चित्र पौराणिक और काल्पनिक तत्वों से भरा है।
- "मीनाक्षी" (Meenakshi): इसमें मीनाक्षी मंदिर की सुंदरता को दर्शाया गया है।
उनके चित्रों में भारतीय परंपरा, पौराणिक कथाओं और प्रकृति का सुंदर चित्रण मिलता है।
Answer: Asit Kumar Haldar was a prominent Bengal school painter. His main paintings are:
- "The Last Supper": Depicts the last supper of Jesus Christ with Indian style influence.
- "Buddha and Sujata": Shows the meeting of Lord Buddha and Sujata.
- "The Fairy Queen": Filled with mythological and imaginary elements.
- "Meenakshi": Depicts the beauty of Meenakshi temple.
His paintings beautifully portray Indian tradition, mythology, and nature.
20. ई.बी. हैवेल का भारतीय कला इतिहास में क्या महत्व है?
Describe the importance of E.B. Havel in the history of Indian art.
उत्तर: ई.बी. हैवेल (E.B. Havell) एक अंग्रेज कला इतिहासकार और कला समीक्षक थे। भारतीय कला इतिहास में उनका महत्व निम्नलिखित है:
- बंगाल-शैली का पुनरुद्धार: उन्होंने बंगाल-शैली (Bengal School) को पुनर्जीवित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
- भारतीय कला का प्रचार: उन्होंने भारतीय कला को पश्चिमी दुनिया में पहचान दिलाई।
- कला शिक्षा: वे कलकत्ता के गवर्नमेंट कॉलेज ऑफ आर्ट एंड क्राफ्ट के प्रिंसिपल थे और उन्होंने भारतीय शैली को बढ़ावा दिया।
- पुस्तकें: उन्होंने "इंडियन स्कल्पचर एंड पेंटिंग" और "द हिस्ट्री ऑफ इंडियन आर्ट" जैसी महत्वपूर्ण पुस्तकें लिखीं।
- अबनिन्द्रनाथ टैगोर का समर्थन: उन्होंने अबनिन्द्रनाथ टैगोर को प्रोत्साहित किया, जिससे बंगाल-शैली को मजबूती मिली।
Answer: E.B. Havell was an English art historian and critic. His importance in Indian art history is as follows:
- Revival of Bengal School: He played a key role in reviving the Bengal School of Art.
- Promotion of Indian art: He gave recognition to Indian art in the Western world.
- Art education: He was the principal of Government College of Art and Craft, Kolkata, and promoted Indian style.
- Books: He wrote important books like "Indian Sculpture and Painting" and "The History of Indian Art".
- Support to Abanindranath Tagore: He encouraged Abanindranath Tagore, which strengthened the Bengal School.
21. प्रागैतिहासिक कालीन चित्रों में प्रयुक्त रंग कौनसे हैं?
What kind of colours are used in pre-historic paintings?
उत्तर: प्रागैतिहासिक कालीन चित्रों में प्राकृतिक रंगों का प्रयोग किया जाता था। ये रंग मुख्यतः निम्नलिखित स्रोतों से प्राप्त किए जाते थे:
- लाल रंग: गेरू (ochre) और हेमेटाइट (hematite) से प्राप्त किया जाता था।
- पीला रंग: पीले गेरू (yellow ochre) से बनाया जाता था।
- काला रंग: लकड़ी का कोयला (charcoal) और मैंगनीज ऑक्साइड (manganese oxide) से प्राप्त किया जाता था।
- सफेद रंग: चूना पत्थर (limestone) और चाक (chalk) से बनाया जाता था।
- भूरा रंग: मिट्टी और विभिन्न खनिजों के मिश्रण से प्राप्त किया जाता था।
इन रंगों को पशु वसा, पानी या पौधों के रस के साथ मिलाकर चित्र बनाए जाते थे।
Answer: In pre-historic paintings, natural colors were used. These colors were mainly obtained from the following sources:
- Red color: Obtained from ochre and hematite.
- Yellow color: Made from yellow ochre.
- Black color: Obtained from charcoal and manganese oxide.
- White color: Made from limestone and chalk.
- Brown color: Obtained from clay and mixture of various minerals.
These colors were mixed with animal fat, water, or plant juice to create paintings.
प्रश्न 22
देवकीनन्दन शर्मा के चित्रों के विषय लिखिए।
Mention the subjects of Devkinandan Sharma's paintings.
उत्तर: देवकीनन्दन शर्मा के चित्रों के प्रमुख विषय भारतीय संस्कृति, पौराणिक कथाओं, लोक जीवन और प्रकृति के दृश्य रहे हैं। उन्होंने विशेष रूप से राजस्थानी लोक जीवन, त्योहारों, और ग्रामीण परिवेश को अपने चित्रों में उतारा। उनकी कला में भारतीय परंपरा और आधुनिकता का सुंदर समन्वय देखने को मिलता है।
प्रश्न 23
राजा रवि वर्मा के चित्रों के बारे में संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए।
Write short note on Raja Ravi Verma's paintings.
उत्तर: राजा रवि वर्मा (1848-1906) भारतीय चित्रकला के एक महान चित्रकार थे। उनके चित्रों की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
- उन्होंने भारतीय पौराणिक कथाओं और महाकाव्यों (रामायण, महाभारत) के दृश्यों को यथार्थवादी शैली में चित्रित किया।
- उनके चित्रों में भावनाओं का सजीव चित्रण, रंगों का सुंदर संयोजन और प्रकाश-छाया का प्रभावी उपयोग देखने को मिलता है।
- उन्होंने भारतीय कला को पश्चिमी यथार्थवादी शैली से जोड़ा और अपने चित्रों को लिथोग्राफ के माध्यम से जनसामान्य तक पहुंचाया।
- प्रसिद्ध चित्र: "शकुंतला", "लक्ष्मी", "सरस्वती", "महाराणा प्रताप" आदि।
प्रश्न 24
यामिनी राय की कला किससे प्रेरित है?
Who inspired Yamini Roy's Art?
उत्तर: यामिनी राय (1887-1972) की कला मुख्यतः बंगाल की लोक कला परंपराओं, विशेषकर कालीघाट पटचित्र शैली से प्रेरित थी। उन्होंने पारंपरिक भारतीय लोक कला के तत्वों को आधुनिक चित्रकला में ढाला। उनकी कला में सरल रेखाएं, चमकीले रंग (विशेषकर लाल, पीला, नीला, हरा), और भारतीय ग्रामीण जीवन के दृश्य प्रमुख हैं। वे रवीन्द्रनाथ टैगोर और अबनींद्रनाथ टैगोर के समकालीन थे और बंगाल स्कूल ऑफ आर्ट से प्रभावित थे।
प्रश्न 25
बाघ गुफा के प्रमुख चित्रों का वर्णन करिए।
Describe the main paintings of Bagh caves.
उत्तर: बाघ गुफाएं मध्य प्रदेश में स्थित हैं और ये 5वीं-6वीं शताब्दी ईस्वी की हैं। इन गुफाओं के प्रमुख चित्र निम्नलिखित हैं:
- रंगमहल (गुफा संख्या 4): यह सबसे प्रसिद्ध गुफा है जिसमें भित्तिचित्रों का सुंदर संग्रह है। इसमें संगीतज्ञों, नर्तकियों और दरबारी दृश्यों को चित्रित किया गया है।
- अजंता शैली का प्रभाव: बाघ गुफा के चित्र अजंता की चित्रकला शैली से प्रभावित हैं, लेकिन इनमें अधिक स्वतंत्रता और जीवंतता है।
- प्रमुख विषय: बौद्ध धर्म से संबंधित दृश्य, जातक कथाएं, पुष्प और ज्यामितीय डिजाइन, तथा मानव आकृतियां।
- रंगों का उपयोग: इन चित्रों में लाल, पीला, हरा, नीला और सफेद रंगों का प्रयोग किया गया है।
- विशेषता: चित्रों में रेखाओं की सुंदरता, भावनाओं का सजीव चित्रण और प्राकृतिक दृश्यों का यथार्थवादी चित्रण उल्लेखनीय है।
प्रश्न 26
"राहुल समर्पण" चित्र की व्याख्या करिए।
Explain the painting 'Rahul Samarpan'.
उत्तर: "राहुल समर्पण" चित्र भगवान बुद्ध के जीवन की एक महत्वपूर्ण घटना को दर्शाता है। इस चित्र में दिखाया गया है कि जब भगवान बुद्ध अपने गृहनगर कपिलवस्तु लौटे, तो उनकी पत्नी यशोधरा ने उनके पुत्र राहुल को उनके समक्ष प्रस्तुत किया। यशोधरा ने राहुल से कहा कि वह अपने पिता से अपनी संपत्ति का अधिकार मांगे। भगवान बुद्ध ने राहुल को अपने शिष्य के रूप में स्वीकार किया और उसे दीक्षा दी। यह चित्र त्याग, करुणा और आध्यात्मिकता का प्रतीक है। इसमें बुद्ध की शांत मुद्रा, यशोधरा की भावनाएं और राहुल की मासूमियत को बड़ी संवेदनशीलता से चित्रित किया गया है।
प्रश्न 27
"दारा शिकोह की बारात" की कलागत विशेषताएं लिखिए।
Describe the artistic features of painting "Dara Shikoh ki Barat".
उत्तर: "दारा शिकोह की बारात" मुगल चित्रकला की एक उत्कृष्ट कृति है। इसकी प्रमुख कलागत विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
- रचना (Composition): चित्र में बारात के जुलूस को एक लंबी क्षैतिज पट्टी में दर्शाया गया है, जिसमें अग्रभाग और पृष्ठभाग का सुंदर समन्वय है।
- रंग योजना: चमकीले और गर्म रंगों (लाल, सुनहरा, नीला, हरा) का प्रयोग किया गया है, जो मुगल दरबार की भव्यता को दर्शाते हैं।
- विस्तार (Detail): चित्र में वस्त्रों, आभूषणों, हथियारों और वास्तुकला का अत्यंत सूक्ष्म और यथार्थवादी चित्रण किया गया है।
- दृष्टिकोण: इसमें बहु-दृष्टिकोण (multi-perspective) का प्रयोग किया गया है, जिससे दर्शक को जुलूस का व्यापक दृश्य देखने को मिलता है।
- भावनाएं: चित्र में पात्रों के चेहरे के भाव, मुद्राएं और आपसी संबंधों को बड़ी संवेदनशीलता से चित्रित किया गया है।
- प्रकाश-छाया: मुगल शैली के अनुसार प्रकाश और छाया का संतुलित उपयोग किया गया है, जिससे चित्र में गहराई और आयाम आया है।
- सांस्कृतिक मिश्रण: इसमें भारतीय और फारसी चित्रकला शैलियों का सुंदर मिश्रण देखने को मिलता है।
28) बंगाल शैली के प्रमुख चित्रकारों का परिचय लिखिए | [2]
Write an introduction of main Artists of Bengal school.
उत्तर: बंगाल शैली (Bengal School of Art) भारतीय कला के पुनर्जागरण की एक महत्वपूर्ण शैली है, जो 20वीं शताब्दी के प्रारंभ में विकसित हुई। इस शैली के प्रमुख चित्रकारों में शामिल हैं:
- अबनिंद्रनाथ टैगोर (Abanindranath Tagore): बंगाल शैली के संस्थापक माने जाते हैं। इन्होंने पश्चिमी शैली के बजाय भारतीय परंपराओं और मुगल लघु चित्रकला को अपनाया। इनकी प्रसिद्ध कृति "भारत माता" है।
- नंदलाल बोस (Nandalal Bose): अबनिंद्रनाथ टैगोर के शिष्य और एक महान चित्रकार। इन्होंने भारतीय लोक कला और मूर्तिकला को आधुनिक चित्रकला में शामिल किया। ये शांतिनिकेतन से जुड़े रहे।
- गगनेंद्रनाथ टैगोर (Gaganendranath Tagore): अबनिंद्रनाथ के भाई, जिन्होंने व्यंग्य चित्र और कार्टून बनाने में विशेषज्ञता हासिल की।
- असित कुमार हालदार (Asit Kumar Haldar): बंगाल शैली के एक प्रमुख चित्रकार, जिन्होंने अजंता की गुफाओं से प्रेरणा ली।
इन कलाकारों ने भारतीय कला को एक नई पहचान दी और पश्चिमी प्रभावों से मुक्त कराया।
29) बौद्ध चित्रकला पर लेख लिखिए | [2]
Write an article on Budhist Paintings.
उत्तर: बौद्ध चित्रकला का विकास मुख्यतः भारत में हुआ और इसका सबसे प्रसिद्ध उदाहरण अजंता की गुफाएं हैं। बौद्ध चित्रकला में बुद्ध के जीवन की घटनाओं, जातक कथाओं और बौद्ध धर्म के प्रतीकों (जैसे पद्म, धर्मचक्र, आदि) को दर्शाया गया है। ये चित्र मुख्यतः भित्ति चित्र (frescoes) के रूप में बनाए गए थे। इनमें प्राकृतिक रंगों का उपयोग किया गया है और मानवीय भावनाओं को बड़ी सुंदरता से चित्रित किया गया है। बौद्ध चित्रकला ने एशिया के अन्य देशों (जैसे चीन, जापान, तिब्बत) की कला को भी प्रभावित किया।
अथवा/(2२)
अजन्ता के नारी-चित्रण की विस्तार पूर्वक व्याख्या कीजिए |
Elucidate in detail the paintings of woman in Ajanta caves.
उत्तर: अजंता की गुफाओं में नारी चित्रण अत्यंत सुंदर और विस्तृत है। यहां महिलाओं को विभिन्न मुद्राओं में दर्शाया गया है, जैसे नृत्य करती हुई, संगीत बजाती हुई, या दैनिक कार्यों में व्यस्त। इन चित्रों में महिलाओं के शरीर की बनावट, आभूषण, वस्त्र और केश सज्जा को बड़ी बारीकी से चित्रित किया गया है। विशेष रूप से "पद्मपाणि" और "वज्रपाणि" जैसे चित्रों में महिलाओं के चेहरे के भाव और मुद्राएं अत्यंत जीवंत हैं। अजंता की नारी चित्रण शैली भारतीय कला में स्त्री सौंदर्य और भावनाओं का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।
30) बीकानेर चित्र शैली को समझाईए, प्रमुख कलाकारों का परिचय दें? [2]
Explain the main features of Bikaner school of paintings, mention it's main artists.
उत्तर: बीकानेर चित्र शैली राजस्थानी लघु चित्रकला की एक प्रमुख शैली है, जो 17वीं-18वीं शताब्दी में विकसित हुई। इसकी मुख्य विशेषताएं हैं:
- मुगल प्रभाव: बीकानेर शैली पर मुगल चित्रकला का गहरा प्रभाव है, जिसमें चेहरों की बनावट और रंगों का प्रयोग मुगल शैली जैसा है।
- प्राकृतिक दृश्य: इसमें पेड़-पौधों, पशु-पक्षियों और प्राकृतिक दृश्यों का सुंदर चित्रण मिलता है।
- रंगों का प्रयोग: नीले, हरे, लाल और सुनहरे रंगों का प्रचुर उपयोग होता है।
- विषय: धार्मिक (रामायण, महाभारत), ऐतिहासिक और शाही दरबार के दृश्य प्रमुख हैं।
प्रमुख कलाकार: बीकानेर शैली के प्रमुख चित्रकारों में उस्ताद अली रजा (जिन्होंने मुगल शैली को बीकानेर में लाया), रुकनुद्दीन, और नूर मुहम्मद शामिल हैं।
अथवा/(2२)
दक्खिनी चित्र शैली पर निबन्ध लिखिए |
Write an essay on Daccan-School of paintings.
उत्तर: दक्खिनी चित्र शैली (Deccan School of Painting) दक्षिण भारत में 16वीं-17वीं शताब्दी में विकसित हुई, विशेषकर अहमदनगर, बीजापुर, गोलकुंडा और हैदराबाद के सल्तनत काल में। इस शैली की मुख्य विशेषताएं हैं:
- मुगल और फारसी प्रभाव: दक्खिनी शैली में मुगल और फारसी चित्रकला का मिश्रण देखने को मिलता है, लेकिन इसमें स्थानीय दक्षिण भारतीय तत्व भी शामिल हैं।
- रंगों का प्रयोग: चमकीले और गहरे रंगों (जैसे सुनहरा, नीला, लाल) का प्रयोग होता है।
- विषय: धार्मिक (हिंदू और इस्लामी), शाही दरबार के दृश्य, संगीत और नृत्य के दृश्य प्रमुख हैं।
- चित्रण शैली: चेहरों की बनावट में गोलाई और आंखों का बड़ा चित्रण इस शैली की विशेषता है।
दक्खिनी शैली के प्रसिद्ध उदाहरणों में "बीजापुर के सुल्तानों के चित्र" और "गोलकुंडा के दरबारी दृश्य" शामिल हैं। यह शैली भारतीय कला में एक महत्वपूर्ण स्थान रखती है।