RBSE Class 12th 2023 Agriculture Biology-SS-39-2023 Previous Year Papers
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Paper details
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| Board | RBSE |
|---|---|
| Class | Class 12th |
| Exam year | 2023 |
| Subject | Agriculture Biology-SS-39-2023 |
| Resource type | Previous Year Papers |
| Category | RBSE Previous Year Question Papers |
| Website | RBSE Solution |
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RBSE Class 12th 2023 Agriculture Biology-SS-39-2023
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Rajasthan Board Class 12th Agriculture Biology-SS-39-2023 2023 solved Previous Year Question Papers
AGRICULTURE BIOLOGY
समय : 3 घंटे 15 मिनट
पूर्णांक : 80
परीक्षार्थियों के लिए सामान्य निर्देश :
GENERAL INSTRUCTIONS TO THE EXAMINEES :
- परीक्षार्थी सर्वप्रथम अपने प्रश्न-पत्र पर नामांक अनिवार्यत: लिखें।
Candidate must write first his / her Roll No. on the question paper compulsorily. - सभी प्रश्न करने अनिवार्य हैं।
All the questions are compulsory. - प्रत्येक प्रश्न का उत्तर दी गई उत्तर-पुस्तिका में ही लिखें।
Write the answer to each question in the given answer-book only.
SS-39-Agri. Bio. 3027
खण्ड - अ
SECTION - A
प्रश्न संख्या 1 में बहुविकल्पी प्रश्न है जिनका सही उत्तर उत्तर-पुस्तिका में लिखिए:
Question No. 1 contains multiple choice questions. Write the correct answer in your answer book.
-
भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान स्थित हैः-
The Indian Agricultural research institute is situated at-
- अ) कानपुर (A) Kanpur
- ब) नई दिल्ली (B) New Delhi
- स) जयपुर (C) Jaipur
- द) नागपुर (D) Nagpur
सही उत्तर: ब) नई दिल्ली (B) New Delhi
भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI) नई दिल्ली में स्थित है। यह भारत का प्रमुख कृषि अनुसंधान संस्थान है।
-
पादप भ्रूण संवर्धन की शुरूआत किसने की:-
Who started plant embryo culture:-
- अ) ए.डी. बर्गनर 1921 (A) A.D. Burgner 1921
- ब) लेबैंक 1925 (B) Laybunk 1925
- स) हैनिंग 1904 (C) Hanning 1904
- द) केरी मुलिस 1983 (D) Karry Mullis 1983
सही उत्तर: स) हैनिंग 1904 (C) Hanning 1904
पादप भ्रूण संवर्धन की शुरुआत हैनिंग (E. Hanning) ने 1904 में की थी। उन्होंने क्रूसीफेरी कुल के पादपों के भ्रूणों का संवर्धन किया।
ii) आर्थिक कीट है - / Economic pest is -
- अ) मधुमक्खी / A) Honey bee
- ब) / B) ?
- स) टिड्डी / C) Locust
- द) / D) ?
Explanation: मधुमक्खी (Honey bee) एक आर्थिक कीट है क्योंकि यह शहद उत्पादन और परागण में सहायक है।
iv) कृन्तक नाशी है - / Rodenticides is -
- अ) रोगोर / A) Rogor
- ब) मैलाथियान / B) Malathion
- स) एन्डोसल्फान / C) Endosulfan
- द) जिंक फास्फाइड / D) Zinc phosphide
Explanation: जिंक फास्फाइड (Zinc phosphide) एक प्रभावी कृन्तक नाशी (rodenticide) है जो चूहों को नियंत्रित करने में उपयोग होता है।
४) कातरा कीट का कुल है - / Family of Red hairy Caterpillar is -
- अ) आर्कटिडी / A) Arctidae
- ब) लाइकेनिडी / B) Lycaenidae
- स) डरमेस्टिडी / C) Dermestidae
- द) टर्मिटिडी / D) Termitidae
Explanation: कातरा कीट (Red hairy caterpillar) का कुल आर्कटिडी (Arctidae) है।
प्रश्न (v) – मित्र फफूँद है-
- A) फ्युजेरियम (Fusarium)
- B) ट्राइकोडर्मा (Trichoderma)
- C) सरकोस्पोरा (Cercospora)
- D) एल्बुगो (Albugo)
सही उत्तर: B) ट्राइकोडर्मा (Trichoderma)
ट्राइकोडर्मा एक मित्र फफूँद (beneficial fungus) है जो पादप रोगों के जैविक नियंत्रण में उपयोग होता है। फ्युजेरियम, सरकोस्पोरा और एल्बुगो पादप रोगजनक हैं।
प्रश्न (vi) – सबसे छोटे सूत्रकृमि की लम्बाई है-
- A) 10 मिमी (10mm)
- B) 5 मिमी (5mm)
- C) 0.2 मिमी (0.2mm)
- D) 8 मिमी (8mm)
सही उत्तर: C) 0.2 मिमी (0.2mm)
सबसे छोटा सूत्रकृमि (nematode) लगभग 0.2 मिमी लंबा होता है, जैसे कि प्रजाति Paratylenchus।
प्रश्न (vii) – टिड्डे के शरीर पर कितनी जोड़ी टांगे होती है?
- A) 1
- B) 2
- C) 3
- D) 4
सही उत्तर: C) 3
टिड्डे (grasshopper) के शरीर पर तीन जोड़ी टांगे होती हैं – एक जोड़ी अगली टांगे, एक जोड़ी मध्य टांगे, और एक जोड़ी पिछली टांगे (जो कूदने के लिए मजबूत होती हैं)।
ix) मृगाल मछली का वैज्ञानिक नाम है-
- अ) टोरटोर
- ब) लेबियो कल्बासु
- स) लेबिओ रोहिटा
- द) सिरहिनस मृगाला
The scientific name of mrigaal fish is-
- A) Tor tor
- B) Labeo calbasu
- C) Labeo rohita
- D) Cirrhinus mrigala
Explanation: The scientific name of mrigal fish is Cirrhinus mrigala. It is a species of ray-finned fish in the carp family, commonly found in rivers of India.
Fill in the blanks:
i) किसी जंगली प्रजाति का मनुष्य के द्वारा प्रबन्धन करने को पालतू बनाना कहते है।
The management of any wild species by man is called domestication.
Answer: Domestication is the process of adapting wild plants and animals for human use, involving selective breeding and management.
ii) सफेद लट की एक वर्ष में एक पीढ़ी होती है।
White grub has one generation in a year.
Answer: White grub (Holotrichia species) typically completes one generation per year, with eggs laid in soil and larvae feeding on roots.
iii) केंचुए में कोकून का निर्माण क्लिटेलम द्वारा होता है।
In Earthworm the Cocoon is formed by clitellum.
Answer: The clitellum is a thickened glandular section of the earthworm's body that secretes a mucous ring, which forms the cocoon for egg deposition.
iv) पौधों में परागण क्रिया का कार्य सिर्फ मादा मधुमक्खियाँ ही करती हैं।
The work of pollination in plants is done only by female bees.
Answer: Female worker bees are primarily responsible for pollination as they collect nectar and pollen, transferring pollen grains between flowers.
अति लघुत्तरात्मक प्रश्न / Very Short Answer Type Questions
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक शब्द अथवा एक पंक्ति में लिखिए।
Give the answer of following questions in one word or one line.
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एक्स-प्लांट कृत्रिम गुणसूत्र का कोई एक उदाहरण लिखिए।
Write any one example of artificial chromosome.उत्तर / Answer: YAC (Yeast Artificial Chromosome) / BAC (Bacterial Artificial Chromosome) – कोई एक।
-
अनार की तितली, पौधे के किस भाग पर अपने अण्डे देती है?
Pomegranate Butterfly lays their eggs on which parts of the plants?उत्तर / Answer: फूल की कलियों (Flower buds) या फलों (Fruits) पर।
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एक हेक्टेयर में कितने फेरोमोन ट्रेप लगाये जाते हैं?
How many pheromone traps are set in one hectare?उत्तर / Answer: 5 से 12 ट्रेप (प्रायः 5-12 traps per hectare)।
-
कोई दो धूमक के नाम लिखिए।
Write any two names of Fumigants.उत्तर / Answer: मिथाइल ब्रोमाइड (Methyl Bromide), फॉस्फीन (Phosphine), एल्युमिनियम फॉस्फाइड (Aluminium Phosphide) – कोई दो।
-
"कार्बेन्डाजिम" का एक उपयोग लिखिए।
Write one use of "carbendazim".उत्तर / Answer: फफूंद जनित रोगों (जैसे पाउडरी मिल्ड्यू, विल्ट) के नियंत्रण में प्रयोग किया जाता है।
-
कोई दो मानव परजीवी के नाम लिखिए।
Write any two names of human parasites.उत्तर / Answer: एस्केरिस (Ascaris), प्लाज्मोडियम (Plasmodium), टीनिया (Taenia) – कोई दो।
-
घोंघा में श्वसन क्रिया किस अंग द्वारा होती है?
By which organ does respiration take place in snail?उत्तर / Answer: फेफड़ा (Lung) या मेंटल कैविटी (Mantle cavity) द्वारा।
खण्ड-ब
लघुत्तरात्मक प्रश्न (उत्तर सीमा लगभग 50 शब्द)
Short answer type questions (Answer limit approximately 50 words)
-
पादप प्रजनन के कोई तीन उद्देश्य लिखिए।
Write any three objectives of plant breeding.उत्तर: पादप प्रजनन के तीन मुख्य उद्देश्य हैं:
- उपज में वृद्धि: अधिक उत्पादन देने वाली किस्मों का विकास करना।
- गुणवत्ता में सुधार: पोषण मूल्य, स्वाद, आकार आदि में सुधार करना।
- रोग एवं कीट प्रतिरोधकता: फसलों को रोगों और कीटों से बचाने के लिए प्रतिरोधी किस्में विकसित करना।
-
पादप पुरःस्थापन के कोई तीन दोष लिखिए।
Write any three disadvantages of plant introduction.उत्तर: पादप पुरःस्थापन के तीन दोष हैं:
- नए रोगों का आगमन: विदेशी पौधों के साथ नए रोग और कीट आ सकते हैं।
- खरपतवार की समस्या: कुछ प्रजातियाँ आक्रामक खरपतवार बन सकती हैं।
- जलवायु अनुकूलन में कठिनाई: नई जलवायु में पौधे अच्छी तरह विकसित नहीं हो पाते।
-
बाहक (पीबीआर 322) का नामांकित चित्र बनाइये।
Draw a labelled diagram of vector (pBR 322).उत्तर: pBR 322 एक कृत्रिम प्लाज्मिड वेक्टर है। इसके मुख्य भाग हैं:
- ori (प्रतिकृति उद्गम): DNA प्रतिकृति के लिए आवश्यक।
- एम्पीसिलीन प्रतिरोधी जीन (ampR): चयन चिह्न के रूप में।
- टेट्रासाइक्लिन प्रतिरोधी जीन (tetR): दूसरा चयन चिह्न।
- प्रतिबंधन एंजाइम स्थल: विभिन्न एंजाइमों के लिए अनेक स्थल।
(चित्र में इन भागों को नामांकित करते हुए एक वृत्ताकार DNA दिखाएँ।)
-
कृषि के क्षेत्र में जैव प्रौद्योगिकी के कोई तीन महत्त्व लिखिए।
Write any three importance of Biotechnology in Agriculture.उत्तर: कृषि में जैव प्रौद्योगिकी के तीन महत्त्व:
- ट्रांसजेनिक फसलें: कीट प्रतिरोधी (Bt कपास) और शाकनाशी सहनशील फसलों का विकास।
- जैव उर्वरक: नाइट्रोजन स्थिरीकरण करने वाले जीवाणुओं का उपयोग।
- जैव कीटनाशक: पर्यावरण अनुकूल कीट नियंत्रण के लिए जैविक एजेंटों का विकास।
-
एकीकृत कीट प्रबन्धन से आप क्या समझते हैं?
What do you mean by Integrated pest management?उत्तर: एकीकृत कीट प्रबंधन (IPM) एक पर्यावरण अनुकूल दृष्टिकोण है जिसमें कीट नियंत्रण के लिए जैविक, सांस्कृतिक, यांत्रिक और रासायनिक विधियों का समन्वित उपयोग किया जाता है। इसका उद्देश्य कीटों को आर्थिक क्षति स्तर से नीचे रखना और रासायनिक कीटनाशकों के उपयोग को कम करना है।
-
नैपसैक स्प्रेयर का नामांकित चित्र बनाइए।
Draw a labelled diagram of Knapsack sprayer.उत्तर: नैपसैक स्प्रेयर एक पीठ पर ले जाने वाला छिड़काव यंत्र है। इसके मुख्य भाग हैं:
- टैंक: रासायनिक घोल रखने के लिए।
- पंप: दबाव उत्पन्न करने के लिए।
- नली: घोल को नोजल तक ले जाने के लिए।
- नोजल: घोल को छिड़कने के लिए।
- हैंडल: पंप संचालन के लिए।
- पट्टियाँ: पीठ पर ले जाने के लिए।
(चित्र में इन भागों को नामांकित करते हुए दिखाएँ।)
निम्न पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए।
-
फाइलोडी (Phyllody)
फाइलोडी एक पादप रोग है जिसमें फूल के भाग (जैसे बाह्यदल, पंखुड़ियाँ) पत्ती जैसी संरचनाओं में बदल जाते हैं। यह प्रायः माइकोप्लाज्मा या फाइटोप्लाज्मा के कारण होता है। इससे पौधे में फल एवं बीज नहीं बनते। -
Transmission (संचरण)
रोग संचरण से तात्पर्य रोगजनकों (जैसे जीवाणु, विषाणु, कवक) के एक पौधे से दूसरे पौधे में फैलने की प्रक्रिया से है। यह कीटों, वायु, जल, मिट्टी या मानवीय क्रियाकलापों द्वारा हो सकता है।
1. जीवाणु को परिभाषित कीजिए तथा इसके दो गुण लिखिए।
Define bacteria and write its two characteristics.
परिभाषा: जीवाणु एक सूक्ष्म, एककोशिकीय, प्रोकैरियोटिक जीव है जो विभिन्न आकारों (गोल, दंड, सर्पिल) में पाया जाता है। ये सर्वत्र पाए जाते हैं तथा इनमें सुस्पष्ट केन्द्रक नहीं होता।
दो गुण:
- इनमें कोशिका भित्ति पाई जाती है जो पेप्टिडोग्लाइकन की बनी होती है।
- ये द्विखंडन (binary fission) द्वारा तीव्र गति से प्रजनन करते हैं।
2. जीवाणु कोशिका का नामांकित चित्र बनाइये।
Draw a labelled diagram of bacteria cell.
जीवाणु कोशिका के मुख्य भाग निम्नलिखित हैं:
- कैप्सूल (Capsule) – सबसे बाहरी सुरक्षात्मक परत
- कोशिका भित्ति (Cell wall) – पेप्टिडोग्लाइकन की बनी
- कोशिका झिल्ली (Cell membrane) – अर्धपारगम्य झिल्ली
- साइटोप्लाज्म (Cytoplasm) – जेली जैसा पदार्थ
- नाभिकीय क्षेत्र (Nucleoid) – DNA युक्त क्षेत्र (बिना झिल्ली के)
- प्लाज्मिड (Plasmid) – छोटे वृत्ताकार DNA
- राइबोसोम (Ribosome) – प्रोटीन संश्लेषण हेतु
- फ्लैजेला (Flagella) – गति के लिए (कुछ में)
- पिली (Pili) – संलग्नता हेतु (कुछ में)
(नोट: परीक्षा में स्पष्ट नामांकित चित्र बनाना अपेक्षित है।)
3. पादप सर्वव्यापी रोग किसे कहते हैं? इसके कोई दो उदाहरण लिखिए।
What is plant pandemic disease? Write any two examples of it.
परिभाषा: पादप सर्वव्यापी रोग (Plant pandemic disease) वे रोग हैं जो एक साथ बड़े भौगोलिक क्षेत्र (एक से अधिक महाद्वीपों) में फैल जाते हैं और अत्यधिक संक्रामक होते हैं।
दो उदाहरण:
- आलू का अंगमारी रोग (Late blight of potato) – फाइटोफ्थोरा इन्फेस्टैन्स द्वारा
- गेहूँ का रस्ट रोग (Wheat rust) – पक्सिनिया द्वारा
4. केंचुए का कृषि में महत्त्व लिखिए।
Write the importance of earthworm in Agriculture.
- केंचुआ मिट्टी को पलटता और वातित करता है, जिससे जड़ों को ऑक्सीजन मिलती है।
- यह जैविक पदार्थों को खाकर वर्मीकम्पोस्ट (उच्च गुणवत्ता वाली खाद) बनाता है, जो मिट्टी की उर्वरता बढ़ाता है।
- इसकी बिल बनाने की क्रिया से मिट्टी में जल निकासी बेहतर होती है।
- यह मिट्टी में सूक्ष्मजीवों की गतिविधि को बढ़ावा देता है।
5. टिड्डे के कोई तीन मुखांग के नाम लिखिए।
Write any three names of mouth parts in Grasshopper.
टिड्डे के मुखांग चबाने वाले प्रकार के होते हैं। तीन मुख्य मुखांगों के नाम:
- लैब्रम (Labrum) – ऊपरी होंठ
- मैंडिबल (Mandible) – जबड़ा (भोजन काटने हेतु)
- मैक्सिला (Maxilla) – सहायक जबड़ा (भोजन चबाने में सहायक)
(अन्य: लैबियम, हाइपोफैरिंक्स)
खण्ड - 4a
SECTION - ©
दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (उत्तर सीमा लगभग 100 शब्द)
Long answer type questions (Answer limit approximately 100 words)
-
जननद्रव्य संरक्षण किसे कहते हैं? इसकी विधियों का वर्णन कीजिए।
What is Germplasm conservation? Describe its methods.
उत्तर: जननद्रव्य संरक्षण (Germplasm conservation) का अर्थ है पादपों या जीवों के आनुवंशिक पदार्थ (जीन, बीज, ऊतक आदि) को उनके मूल रूप में सुरक्षित रखना ताकि भविष्य में उनका उपयोग प्रजनन, अनुसंधान या जैव विविधता बनाए रखने के लिए किया जा सके।
विधियाँ:
- इन-सीटू संरक्षण (In-situ conservation): प्राकृतिक आवासों (जैसे राष्ट्रीय उद्यान, अभयारण्य) में प्रजातियों का संरक्षण।
- एक्स-सीटू संरक्षण (Ex-situ conservation): प्राकृतिक आवास से बाहर संरक्षण, जैसे बीज बैंक, जीन बैंक, ऊतक संवर्धन, और वनस्पति उद्यान।
- क्रायोप्रिजर्वेशन (Cryopreservation): अत्यंत कम तापमान (-196°C) पर बीज, पराग या भ्रूण का संरक्षण।
- डीएनए बैंकिंग (DNA banking): आनुवंशिक सामग्री को डीएनए के रूप में संग्रहित करना।
-
कृमि का पौधों पर प्रभाव लिखिए।
Write the effect of nematode on plants.
उत्तर: कृमि (निमेटोड) पौधों पर निम्नलिखित प्रभाव डालते हैं:
- जड़ों को नुकसान: ये जड़ों में छेद करके गॉल (गांठें) बनाते हैं, जिससे जल और पोषक तत्वों का अवशोषण बाधित होता है।
- विकास अवरुद्ध होना: पौधों की वृद्धि रुक जाती है, पत्तियाँ पीली पड़ जाती हैं और पौधा बौना रह जाता है।
- रोग संचरण: कुछ कृमि वायरस और जीवाणु जनित रोगों को एक पौधे से दूसरे पौधे में फैलाते हैं।
- उपज में कमी: पौधों की शक्ति क्षीण होने से फलों और बीजों की पैदावार घट जाती है।
- मृदा प्रदूषण: संक्रमित जड़ों के सड़ने से मिट्टी में हानिकारक पदार्थ बढ़ जाते हैं।
-
राजस्थान में मत्स्य पालन की सम्भावनाएं एवं महत्त्व लिखिए।
Write the possibilities and importance of fisheries (pisciculture) in Rajasthan.
उत्तर: राजस्थान में मत्स्य पालन की अपार संभावनाएं हैं:
संभावनाएं:
- राज्य में अनेक बड़ी नदियाँ (चम्बल, बनास, लूनी), झीलें (जयसमंद, फतेहसागर), और बांध (गांधीसागर, राणा प्रताप सागर) हैं।
- सिंचाई नहरों और तालाबों का जाल बिछा हुआ है।
- गर्म जलवायु मछलियों की तीव्र वृद्धि के लिए अनुकूल है।
- सरकार द्वारा सब्सिडी और प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं।
महत्त्व:
- आर्थिक लाभ: ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आय का स्रोत।
- पोषण: प्रोटीन की कमी दूर करने में सहायक।
- निर्यात: मछली और मछली उत्पादों का निर्यात बढ़ाना।
- पारिस्थितिकी संतुलन: जल निकायों में जैव विविधता बनाए रखना।
SS-39-Agri. Bio. 3027
खण्ड - 2 / SECTION - D
दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (उत्तर सीमा 250 शब्द)
Long Answer Questions (Word limit 250 words)
-
दीमक का वैज्ञानिक नाम, जीवन चक्र, क्षति एवं प्रबन्धन का वर्णन कीजिए।
Explain the scientific name, life cycle, nature of damage and management of Termite.
वैज्ञानिक नाम (Scientific Name): Odontotermes obesus (भारतीय दीमक)
जीवन चक्र (Life Cycle): दीमक का जीवन चक्र पूर्ण रूपांतरण (Complete metamorphosis) प्रकार का होता है। इसमें अंडा → शिशु (Nymph) → श्रमिक (Worker) → सैनिक (Soldier) → प्रजनक (Reproductive) अवस्थाएँ शामिल हैं। रानी दीमक अंडे देती है, जिनसे शिशु निकलते हैं। शिशु विभिन्न अवस्थाओं में विकसित होकर श्रमिक, सैनिक या प्रजनक बनते हैं। एक कॉलोनी में लाखों दीमक हो सकते हैं।
क्षति की प्रकृति (Nature of Damage): दीमक मुख्यतः पौधों की जड़ों, तनों और लकड़ी के भागों को खाती है। यह फसलों (गेहूँ, मक्का, गन्ना, सरसों आदि) को आधार से काटकर नष्ट कर देती है। पौधे पीले पड़कर सूखने लगते हैं। यह भवनों और लकड़ी के ढाँचों को भी भारी नुकसान पहुँचाती है।
प्रबन्धन (Management):
- सांस्कृतिक विधि: गहरी जुताई करके दीमक के बिल नष्ट करें। फसल चक्र अपनाएँ। खेत में सूखी घास-फूस न रहने दें।
- रासायनिक विधि: बुवाई के समय मिट्टी में क्लोरपाइरीफॉस या इमिडाक्लोप्रिड का प्रयोग करें। प्रभावित पौधों की जड़ों में कीटनाशक घोल डालें।
- जैविक विधि: दीमक के प्राकृतिक शत्रु जैसे चींटियाँ, पक्षी और कवक (Metarhizium anisopliae) का उपयोग करें।
अथवा / OR
चने का फली छेदक का वैज्ञानिक नाम, जीवन चक्र, क्षति एवं प्रबन्धन का वर्णन कीजिए।
Explain the scientific name, life cycle, nature of damage and management of Gram Pod Borer.
वैज्ञानिक नाम (Scientific Name): Helicoverpa armigera
जीवन चक्र (Life Cycle): यह पूर्ण रूपांतरण (Complete metamorphosis) प्रकार का कीट है। जीवन चक्र में अंडा → लार्वा (इल्ली) → प्यूपा → प्रौढ़ (वयस्क) अवस्थाएँ होती हैं। मादा पत्तियों, फूलों और फलियों पर अंडे देती है। लार्वा 3-4 सप्ताह में विकसित होकर मिट्टी में प्यूपा बनाता है। प्रौढ़ कीट 7-10 दिन जीवित रहता है। एक वर्ष में 4-5 पीढ़ियाँ पूरी होती हैं।
क्षति की प्रकृति (Nature of Damage): लार्वा (इल्ली) पत्तियों, फूलों और फलियों को खाकर नुकसान पहुँचाता है। यह फलियों में छेद करके अंदर के दानों को खा जाता है, जिससे फसल की गुणवत्ता और उपज में भारी कमी आती है। प्रभावित फलियाँ छिद्रयुक्त दिखाई देती हैं।
प्रबन्धन (Management):
- सांस्कृतिक विधि: फसल चक्र अपनाएँ। गहरी जुताई करें। प्रकाश प्रपंज (Light trap) का उपयोग करें। प्रभावित फलियों को तोड़कर नष्ट करें।
- रासायनिक विधि: इमिडाक्लोप्रिड, क्लोरेंट्रानिलिप्रोल या स्पिनोसेड का छिड़काव करें। आवश्यकतानुसार 10-15 दिन के अंतराल पर दोहराएँ।
- जैविक विधि: Bacillus thuringiensis (Bt) का प्रयोग करें। परजीवी ततैया (Trichogramma) का उपयोग करें। नीम आधारित कीटनाशक भी प्रभावी हैं।
-
नींबू के केंकर रोग के लक्षण, रोग जनक एवं रोग प्रबन्धन को विस्तार से समझाइए।
Explain in detail about symptoms, pathogen and management of Citrus Canker disease.
रोग जनक (Pathogen): Xanthomonas axonopodis pv. citri (जीवाणु)
लक्षण (Symptoms):
- पत्तियों, तनों और फलों पर छोटे, पीले, पानी से भरे धब्बे दिखाई देते हैं।
- ये धब्बे बाद में भूरे या काले रंग के, उभरे हुए, कॉर्क जैसे केंकर (Canker) में बदल जाते हैं।
- केंकर के चारों ओर पीला प्रभामंडल (Halo) बनता है।
- गंभीर संक्रमण में पत्तियाँ झड़ जाती हैं, फल विकृत हो जाते हैं और समय से पहले गिर जाते हैं।
- शाखाओं पर भी केंकर बनते हैं, जिससे पौधा कमजोर हो जाता है।
रोग प्रबन्धन (Disease Management):
- सांस्कृतिक विधि: रोगग्रस्त पत्तियों, शाखाओं और फलों को काटकर जला दें। संक्रमित पौधों का उपयोग न करें। खेत की सफाई रखें।
- रासायनिक विधि: बोर्डो मिश्रण (1%) या कॉपर ऑक्सीक्लोराइड (0.3%) का छिड़काव करें। स्ट्रेप्टोमाइसिन सल्फेट (100 ppm) का प्रयोग भी प्रभावी है। छिड़काव 10-15 दिन के अंतराल पर दोहराएँ।
- जैविक विधि: जीवाणु विरोधी जैव-नियंत्रक एजेंटों का उपयोग करें। प्रतिरोधी किस्मों का चयन करें।
अथवा / OR
कपास का म्लानि रोग के लक्षण, रोग जनक एवं रोग प्रबन्धन को विस्तार से समझाइए।
Explain in detail about symptoms, pathogen and management of cotton wilt disease.
रोग जनक (Pathogen): Fusarium oxysporum f. sp. vasinfectum (कवक)
लक्षण (Symptoms):
- प्रारंभ में पौधे की निचली पत्तियाँ पीली पड़कर मुरझाने लगती हैं।
- धीरे-धीरे यह लक्षण ऊपरी पत्तियों तक फैल जाता है और पूरा पौधा मुरझा जाता है।
- तने को काटने पर संवहनी ऊतक (Vascular tissue) भूरे या काले रंग के दिखाई देते हैं।
- जड़ें सड़ने लगती हैं और पौधा आसानी से जमीन से उखड़ जाता है।
- गंभीर संक्रमण में पौधा पूरी तरह सूखकर मर जाता है।
रोग प्रबन्धन (Disease Management):
- सांस्कृतिक विधि: फसल चक्र अपनाएँ (गैर-मेजबान फसलों जैसे अनाज के साथ)। रोग प्रतिरोधी किस्मों का उपयोग करें। खेत में जल निकासी उचित रखें। संक्रमित पौधों को उखाड़कर जला दें।
- रासायनिक विधि: बीज उपचार के लिए कार्बेन्डाजिम (2 ग्राम/किग्रा बीज) या थायरम का प्रयोग करें। मिट्टी उपचार के लिए बाविस्टिन या कॉपर ऑक्सीक्लोराइड का उपयोग करें।
- जैविक विधि: Trichoderma viride या Pseudomonas fluorescens का मिट्टी में प्रयोग करें। ये जैव-नियंत्रक एजेंट रोगजनक कवक को दबाते हैं।